बच्चों के जीवन में पुस्तकें पढ़ने का महत्व - Importance of Reading Books in Children's life
बच्चों के जीवन में पुस्तकें पढ़ने का महत्व - Importance of Reading Books in Children's life
नमस्कार दोस्तों !!!
किताबे और उनका ज्ञान अपने आप मे पूरा संसार समेटे हुए हैं, आप दुनिया मे किसी एक व्यक्ति के पास सभी मुश्किलों का हल ढूढ़ने नहीं जा सकते क्यूंकि सबके पास आपकी सभी परेशानियों का तोड़ नहीं होता; परंतु पुस्तकों के पास आपकी सभी मुश्किलों का हल होता हैं
| जब हम इस ख़ज़ाने का ताला अपने बच्चों के लिए खोलते है और इससे उनकी पहचान कराते है तो हम उन्हें जीवन का सबसे अनमोल तोहफा देते हैं जो उनसे कोई नहीं छिन सकता |
I do believe something very magical can happen when you read a good book. - J.K. Rowling
हम सभी चाहते है की हमारे बच्चे ज्यादा से ज्यादा ज्ञान पाए, उनके सोच और विचारो को एक नई ऊंचाई मिले और इसके लिए हम कई प्रयत्न भी करते हैं;परन्तु समय के आभाव मे उनपर ध्यान देना असंभव होता हैं, और इसका सबसे अच्छा तोड़ है उनको किताबों से जोड़ देना|
परन्तु ज्यादातर माता-पिता किताबों का महत्व नहीं समझते और बच्चों को बहुत अधिक समय के लिए टीवी, मोबाइल, वीडियो गेम्स (TV.
Mobile, Video Games) इत्यादि से मनोरंजन करना सीखा रहे है एवं स्वयं भी उसी मे लिप्त रहते हैं | दिन भर मे लगभग 4-5 घंटा से भी अधिक (Screen) देखने के बाद उनको रात मे सुलाने के लिए भी Mobile, Videos का सहारा लेते हैं | माता-पिता को सबसे पहले स्वयं किताबों से मिल रहे ज्ञान का मूल्य समझना पड़ेगा तभी जाकर वह अपने बच्चों को किताबों से अच्छा ज्ञान और अच्छे संस्कार सीखा पाएंगे| हमे अपने घर के माहौल को ही ऐसा बनाना पड़ेगा जिसमे बच्चा अपने मनोरंजन के लिए कोई उपकरण को ना ढूंढ कर किताबों मे मजा ढूंढे |
Imagination is more important than Knowledge - Albert Einstein
बच्चों के जीवन में पुस्तकें पढ़ने के कुछ बेहतरीन लाभ - Some of the best benefits of reading books in children's lives -
1) एकाग्रता बढ़ती हैं - Increases Concentration –
बच्चों का मन चंचल होता हैं, वह एक जगह ना बैठ सकते हैं और ना हीं एक चीज़ कर सकते हैं , परन्तु किताबों के जरिये उनका ध्यान एकाग्र होता हैं वह पूरी कहानी सुनाने के लिए बैठे रहते हैं | अगर बच्चे नियमित तौर पर रोज़ उनका कुछ समय किताबों मे व्यतीत करें तो उनकी एकाग्रता बढ़ेगी |
2) बच्चे में शांति और धैर्य बढ़ता हैं - Increases peace and patience in the child-
बच्चों की प्रकृति में शांति और धैर्य लाने का अचूक उपाय है उनका किताबों से रिश्ता बना देना; किताबों को पढ़ने से उनका स्वाभाव शांत रहता हैं दिमाग को लंबे समय तक व्यस्त रखा जा सकता हैं और दूसरी तरफ उनका धैर्य भी बढ़ता हैं | शुरुआती उम्र से किताबें पढ़ने से बच्चे कितने भी मस्तीखोर क्यों ना हो धीरे-धीरे उनका मन शांत होने लगता है और वह धार्यता रखते है कोई भी कहानी और किताब को पूरा समझने और जानने की कोशिश करते हैं |
3) बेहतर शब्दावली और साहित्य में सुधार - Better vocabulary and Improves literature -
प्रति दिन किताबों को पढ़ने से बच्चों मे भाषा का बेहतर ज्ञान उत्पन्न होता हैं एवं उनकी शब्दावली भी सुधरती हैं| अगर ध्यान दे तो कई भारतीय भाषाओं यहाँ तक की English मे भी कई शब्दों का अभिप्राय अलग अलग होता हैं; ये ज्ञान तभी आएगा जब बच्चे किताबे पढ़ेंगे |
4) बच्चों से माता-पिता का संवाद बढ़ता हैं और सम्बन्ध बेहतर बनाने मे मदद मिलती हैं - Increases communication between children and parents and help in creating special bond -
बच्चों के साथ किताबे पढ़ने और समझाने से आपके बीच मे संवाद होता है जिससे आप दोनों के बीच कि समझ बेहतर होती हैं और इससे माता-पिता का अपने बच्चे से सम्बन्ध और भी गहरा हो जाता हैं | वह आपके और भी करीब आते हैं एवं वह भावनात्मक तौर पर आपके साथ जुड़ते हैं |
5) सुनने के कौशल और कल्पना में सुधार - Improves listening skills and imagination –
जब हम कहानियाँ पढ़ते हैं या जब हम अपने बच्चों को किताब से स्थिति समझाते हैं तो उसको सुनकर वह उसकी कल्पना करने की कोशिश करते हैं जिससे अप्रत्यक्ष रूप से उनके सुनने और कल्पना करने के कौशल में सुधार होता है।
6) ज्ञान प्राप्त करने के लिए जिज्ञासा बढ़ती हैं - Increase curiosity to seek Knowledge -
जब बच्चे अपनी किताबों में पूरी तरह मशगूल हो जाते हैं तो वे कहानी के अगले चरण के बारे में जानना चाहते है और यही जिज्ञासा उन्हें जीवन मे प्रगति दिलाती हैं | उन्हें ये समझ आने लगता है की वह किताबों से कितना सीख सकते हैं और पुस्तकों मे कितना ज्ञान भरा हुआ हैं |
7) अच्छे और बुरे का ज्ञान - Knowledge of good and bad
किताबों मे कहानियों के द्वारा अच्छे और बुरे का पाठ पढ़ाया जाता हैं; कहानियों के माध्यम से बड़ी ही खूबसूरती से असत्य पर सत्य की जीत समझायी जा सकती हैं| पुस्तकों से बच्चों को क्या सही है और क्या गलत इसका अंदाज़ा होता हैं | और वह स्वयं के जीवन मे भी अच्छा और सही करने की कोशिश करते हैं|
8) मनोरंजन का सबसे अच्छा साधन - Best source of entertainment
बच्चे जब वीडियो-गेम्स, टीवी, लैपटॉप पर ज्यादा समय बिताते है तो वह उनके दिमाग पर असर करता हैं, कई अध्ययनों से पता चला है कि ज्यादा screen time होने से बच्चों की आँखों के साथ दिमाग पर भी असर पड़ता है और उनमे जल्दी ही ऊर्जा खत्म हो जाती हैं| पुस्तके बच्चों को लम्बे समय तक व्यस्त रखने का सबसे अच्छा साधन हैं एवं एक बार बच्चे को इसमें मज़ा आने लगता हैं तो वह लम्बे समय तक इससे स्वयं का मनोरंजन कर सकते हैं |
9) सकारात्मकता को बढ़ावा देता है - Promotes Positivity -
अधिकतर सभी कहानियाँ और नैतिक पुस्तकें सकारात्मकता पर आधारित होती हैं और जब आपका बच्चा किताबें पढ़ता है तो वह आशा, साहस, विश्वास को अपने अंदर आत्मसात करता हैं; किताबों के द्वारा वह जीवन के प्रति सकारात्मक हो जाते है और सदैव सकारात्मकता का पालन करते हैं|
10) मस्तिष्क के लिए सबसे अच्छा व्यायाम - Best exercise for brain -
बच्चे खेल कूद कर अपना शारीरिक व्यायाम तो कर लेते हैं, परन्तु उनके मानसिक व्यायाम के लिए क्या किया जाये ? उनके मानसिक व्यायाम लिए पढ़ना सबसे अच्छा हैं | जब वह पुस्तकों को समझने की कोशिश करते हैं, पूछे प्रश्नो को सोच के हल करते हैं, कड़ियों को जोड़ने की कोशिश करते हैं, स्पष्टीकरण पर ध्यान केंद्रित हैं तो इसमें उनके मस्तिष्क का अच्छा व्यायाम होता हैं |
“A book is a gift you can open again and again.” – Garrison Keillor
कई बड़े फायदे है किताबें पढ़ने के; और सबसे बड़ी बात ये की किताबों से प्राप्त होने वाली सभी अच्छाई जीवन भर हमारे बच्चों के साथ रहती हैं और हमे उनके भविष्य के लिए निश्चिन्त कर देती हैं | यह एक अनमोल भेंट अपने बच्चे के जीवन मे जरूर लाए और उनका जीवन स्वयं सुधर जायेगा|
इसके साथ ही आज आपसे विदा लेती हूँ |
DeepTea





Very nice👏🏻👏🏻
ReplyDeleteVery very nice massage
ReplyDeleteThank you 🙏
DeleteI make my son read for atleast 10min a day.
ReplyDeleteWonderful, couldn't agree more.
ReplyDeleteThank you 🙏
DeleteVery useful read.. thanks 😊
ReplyDeleteपुस्तकें तो जीवंत देव प्रतिमाएं ही हैं ।इनक।इनके नियमित अध्ययन से ज्ञान की प्राप्ति तो होती है ,साथ ही आत्म-अनुशासन ,चिंतन मनन की क्रियात्मकता बढ़ती है ।
ReplyDeleteThank you 🙏
DeleteNice read......it is an amazing habit for children to develop
ReplyDeleteWell said on all counts, especially points 1 and 3. Thank you.
ReplyDeleteThank you 🙏
Delete👍👍
ReplyDeleteबहुत ही सुन्दर लेखन है | जब बच्चे पुस्तकें पढ़ते हैं तो सभी बच्चे अपने अपने तरीके से पुस्तक के तथ्यों को आत्मसात करते हैं |ऐसे में जरुरी है की माता पिता बच्चों के साथ उनके पढ़े हुए पुस्तकों पर बातचीत करें |
ReplyDeleteWow superb
ReplyDeleteThank you 🙏
DeleteWell Said
ReplyDeleteThank you 🙏
DeleteTotally agree with Deeptea. 👍👍👌👌
ReplyDeleteThank you 🙏
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